अंबिकापुर। छत्तीसगढ़ की मशहूर गायिका आरू साहू ने अंबिकापुर के कला केंद्र मैदान में आयोजित कार्यक्रम में प्रस्तुति दी। छत्तीसगढ़ राज्य स्थापना दिवस के अवसर पर आयोजित जिला स्तरीय राज्योत्सव की सांस्कृतिक संध्या में वह शामिल हुईं। इस आयोजन में छत्तीसगढ़ी गीत-संगीत के साथ स्थानीय कलाकारों की प्रस्तुतियों को भी स्थान दिया गया। कार्यक्रम के सिलसिले में अंबिकापुर पहुंचीं आरू साहू की बातचीत की एक झलक भी सामने आई है।
राज्योत्सव के मंच पर दी प्रस्तुति
अंबिकापुर में 2 नवंबर को जिला स्तरीय राज्योत्सव का आयोजन किया गया था। इसके लिए शहर के कला केंद्र मैदान में मुख्य मंच तैयार किया गया। आयोजन की रूपरेखा में स्थानीय कलाकारों के कार्यक्रमों के साथ शाम की सांस्कृतिक संध्या रखी गई थी। आरू साहू इसी सांस्कृतिक कार्यक्रम का हिस्सा बनीं और उन्होंने मंच से अपनी प्रस्तुति दी।
राज्योत्सव के घोषित कार्यक्रम में आरू साहू के साथ गायक स्वप्निल जायसवाल की प्रस्तुति भी शामिल थी। स्थानीय प्रतिभाओं और आमंत्रित कलाकारों के लिए अलग-अलग समय निर्धारित किया गया था। इस व्यवस्था के तहत दोपहर के सत्र में स्थानीय कलाकारों तथा शाम के सत्र में मुख्य सांस्कृतिक प्रस्तुतियों को स्थान दिया गया।
‘सशक्त नारी, युवा उड़ान’ रही थीम
इस वर्ष अंबिकापुर के जिला स्तरीय राज्योत्सव की थीम ‘सशक्त नारी, युवा उड़ान’ रखी गई थी। समारोह को महिला सशक्तिकरण और युवाओं की प्रगति के विषय से जोड़ा गया। सांस्कृतिक कार्यक्रमों की रूपरेखा में क्षेत्रीय प्रतिभाओं की भागीदारी भी सुनिश्चित करने का प्रावधान रखा गया था।
घोषित कार्यक्रम के अनुसार, दोपहर 2 बजे से शाम 6 बजे तक स्थानीय कलाकारों की प्रस्तुतियों का समय निर्धारित था। इसके बाद शाम 7 बजे से मुख्य सांस्कृतिक संध्या रखी गई थी। इसी सत्र में आरू साहू के लोकगीतों की प्रस्तुति तय की गई थी। इस तरह कार्यक्रम में स्थानीय कलाकारों से लेकर आमंत्रित गायकों तक को मंच देने की योजना बनाई गई।
कला केंद्र मैदान बना आयोजन स्थल
जिला मुख्यालय में आयोजित इस समारोह के लिए कला केंद्र मैदान को आयोजन स्थल चुना गया था। राज्योत्सव के शुभारंभ के लिए जारी सूचना में मंत्री रामविचार नेताम को मुख्य अतिथि बताया गया था। उनके द्वारा दोपहर में समारोह का उद्घाटन किया जाना निर्धारित था। इसके बाद विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों का क्रम रखा गया।
आरू साहू का अंबिकापुर आगमन इसी आयोजन से जुड़ा रहा। उन्होंने कला केंद्र मैदान में कार्यक्रम किया और राज्योत्सव की सांस्कृतिक संध्या में अपनी भागीदारी दर्ज कराई। छत्तीसगढ़ी गायिका की प्रस्तुति को मुख्य सांस्कृतिक कार्यक्रम में स्थान दिया गया था।
अंबिकापुर पहुंचकर क्या बोलीं आरू साहू?
कार्यक्रम के सिलसिले में अंबिकापुर पहुंचीं आरू साहू की बातचीत की झलक भी साझा की गई है। इसमें उनके शहर आने और कार्यक्रम से जुड़े अनुभवों को सुनने का उल्लेख है। हालांकि, उपलब्ध जानकारी में उनके बयान के सटीक शब्द शामिल नहीं हैं। इसलिए उनकी ओर से कोई विशेष टिप्पणी या संदेश उद्धृत नहीं किया जा रहा है। गायिका ने बातचीत में क्या कहा, इसकी पूरी जानकारी संबंधित वीडियो में उनकी अपनी आवाज में सुनी जा सकती है।








