Basant Panchami celebrations in Ambikapur: सरगुजा:अंबिकापुर ।छत्तीसगढ़ के सरगुजा संभाग मुख्यालय अंबिकापुर में आज बसंत पंचमी के पावन पर्व पर मां सरस्वती की पूजा में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ी है। ज्ञान-विद्या की देवी मां सरस्वती का आशीर्वाद पाने के लिए स्कूलों, कॉलेजों, मंदिरों और घर-घर में पीले वस्त्रों की छटा बिखर रही है। विशेष योगों के बीच यह पर्व क्षेत्र में उत्साह का संचार कर रहा है।

स्थानीय आयोजन
2026 की बसंत पंचमी आज शुक्रवार को है, शुभ मुहूर्त सुबह 7:13 से दोपहर 12:03 तक। अंबिकापुर के महामाया देवी मंदिर, सरस्वती शक्तिपीठ और स्थानीय स्कूलों में विशेष पूजा हो रही है। सरगुजा राजघराने की परंपरा के अनुसार परिसर में भव्य सजावट की गई है।
नए साल की ही तरह इस पर्व पर आस्था का उमंग है। पास के बलरामपुर में भी सरस्वती पूजा पंडाल सज चुके हैं, जहां छात्र कलम-किताब पूज रहे हैं।
सरगुजा की सांस्कृतिक धूम
अंबिकापुर में सरस्वती पूजा आदिवासी संस्कृति से जुड़ी है। युवा कलाकार वीणा वादन और लोकगीत प्रस्तुत कर रहे हैं। स्कूलों में विद्या आरंभ संस्कार हो रहे हैं, सरकारी योजनाओं के तहत बच्चों को किताबें वितरित। स्थानीय कारीगरों ने मूर्तियां तैयार कीं, डिमांड अधिक होने से बाजार गुलजार।
Basant Panchami celebrations in Ambikapur पूजा विधि व महत्व
पीले वस्त्र पहन पूर्वाह्ण में पूजा करें। मां को गेंदे के फूल, मखाना माला, केसरिया खीर अर्पित करें। मंत्र: “ॐ ऐं सरस्वत्यै नमः”। पीले फूल ईशान कोण में रखने से समृद्धि आती है। यह ‘अबूझा मुहूर्त’ है, नामांकन व कला साधना शुभ।
क्षेत्रीय ज्योतिषी बोले, गजकेसरी योग से बुद्धि वृद्धि होगी।
यह भी पढ़ें-अंबिकापुर को फोरलेन ग्रीन सिग्नल: गांधी चौक से रेलवे स्टेशन तक 5.54 किमी मार्ग पर 61 करोड़ की मंजूरी








