Landslide in Sargiguda Hill of Bastar : बस्तर :छत्तीसगढ़ के बस्तर जिले के लोहंडीगुड़ा ब्लॉक में भारी बारिश के कारण सरगीगुड़ा पहाड़ में भूस्खलन हो गया है। इस घटना में लगभग पांच एकड़ जमीन समतल हो गई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, तेज बारिश के चलते यह भूस्खलन हुआ, जिससे बड़े-बड़े पत्थर नीचे गिरने लगे। पहाड़ लगभग 500 मीटर ऊंचा था। हालांकि, गांव से पहाड़ की दूरी करीब 300 मीटर होने के कारण किसी की जान का नुकसान नहीं हुआ।
Landslide in Sargiguda Hill of Bastar
ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को इस घटना की जानकारी दी। विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं। उनके अनुसार, यह भूस्खलन सरगीगुड़ा पहाड़ के साथ-साथ पास के बास्तानार पहाड़ में भी हुआ है।
बस्तर में पिछले कई दिनों से लगातार बारिश हो रही है, जिससे जनजीवन प्रभावित हुआ है। कई गांवों का जिला मुख्यालय से संपर्क टूट गया है। प्रशासन राहत कार्य और बचाव के लिए हेलीकॉप्टर और नाव का उपयोग कर रहा है। भारी बारिश के कारण कई जगह लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है।
भूस्खलन एक प्राकृतिक घटना है जिसमें पहाड़ की मिट्टी और पत्थर अपने स्थायी स्थान से नीचे गिर जाते हैं। बारिश की वजह से मिट्टी कमजोर हो जाती है और पानी के चलते वह बहने लगती है। इस तरह की घटनाएं पहाड़ी इलाकों में आम हैं। इसलिए लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए और खतरे वाले इलाकों से दूर रहना चाहिए।
सरगीगुड़ा गांव के लोग कहते हैं कि वे इतनी तेज बारिश पहले कभी नहीं देखे थे। वे कहते हैं कि अगर यह भूस्खलन गांव के पास हुआ होता तो बड़ा हादसा हो सकता था। सभी ने बताया कि इससे उन्हें खतरा महसूस हुआ है।
वन विभाग ने लोगों से मॉनसून के दौरान सतर्क रहने को कहा है। अधिकारी कहते हैं कि बारिश और भूस्खलन के समय पहाड़ी इलाकों में यात्रा करने से बचना चाहिए। सुरक्षा निर्देशों का पालन करना जरूरी है।
छत्तीसगढ़ सरकार और प्रशासन बस्तर में राहत कार्य तेजी से कर रहे हैं। वे प्रभावित लोगों को सुरक्षित जगहों पर ले जा रहे हैं और आवश्यक मदद दे रहे हैं। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों के लिए भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। इसलिए सभी को सावधान रहने और प्रशासन के निर्देश मानने की सलाह दी गई है।
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