Youth Adopted a New Hookah Style in Ambikapur: सरगुजा : छत्तीसगढ़ के अंबिकापुर में नशे का खतरा तेजी से बढ़ रहा है और यह बात स्थानीय समाज के लिए चिंता का विषय बन गई है। हाल ही में युवाओं के बीच नशे के नए-नए तरीकों का चलन बढ़ गया है, जो सोशल मीडिया पर वायरल भी हो रहे हैं। यह स्थिति दर्शाती है कि नशे का प्रभाव अब न केवल व्यक्तिगत जीवन बल्कि पूरे समाज पर भारी पड़ रहा है।
Youth Adopted a New Hookah Style in Ambikapur
पानी की बोतल में छेद करके उसमें चिलम लगाकर गांजा पीने का नया तरीका सोशल मीडिया पर युवाओं के बीच लोकप्रिय होता जा रहा है। कुछ युवक खुलेआम इस हरकत का वीडियो बनाकर उसे वायरल कर रहे हैं, जिससे उनकी असामाजिक गतिविधियों को बढ़ावा मिल रहा है। ये युवा फेमस होने की होड़ में इस तरह के खतरनाक काम कर रहे हैं।
पुलिस ने इस प्रकार के वीडियो और नशे के मामलों पर कड़ी नजर रखना शुरू कर दिया है। गांधीनगर थाना पुलिस ने एक तस्कर को गिरफ्तार किया है, जिसके कब्जे से लाखों रुपये कीमत के नशीले इंजेक्शनों की बरामदगी हुई है। साथ ही, जिले के अन्य हिस्सों में भी नशा तस्करी करने वालों को गिरफ्तार किया जा रहा है, जिससे पुलिस की सक्रियता का पता लगता है।
सरकार ने भी नशा मुक्त भारत अभियान के तहत जन जागरूकता कार्यक्रम शुरू किए हैं। इसके अंतर्गत नशे के दुष्प्रभावों के बारे में लोगों को जानकारी दी जा रही है और नशा छोड़ने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। स्थानीय स्तर पर यह अभियान युवाओं को सुरक्षित और स्वस्थ जीवन अपनाने के लिए मदद करता है।
नशे की समस्या से पूरी तरह निपटने के लिए न्यायिक कार्रवाई के साथ-साथ सामाजिक जागरूकता बेहद जरूरी है। पुनर्वास केंद्रों की स्थापना, नशा मुक्ति कार्यक्रम और परिवारों का सहयोग इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। युवा वर्ग को सही मार्गदर्शन और स्वस्थ विकल्प देने से ही नशे की प्रवृत्ति पर काबू पाया जा सकता है।
फिर भी, अंबिकापुर में युवाओं की नशे की आदतें बढ़ रही हैं, जो उनके भविष्य और समाज के लिए खतरा हैं। हाल ही में एक वीडियो वायरल हुआ है जिसमें एक युवक पानी की बोतल में चिलम लगाकर गांजा पीता नजर आ रहा है। इस तरह के मामले यह दर्शाते हैं कि नशा अब खुलेआम फैल रहा है और इसे रोकने के लिए हर स्तर पर सख्ती की जरूरत है।
पुलिस और प्रशासन को चाहिए कि वे ऐसे मामलों की त्वरित जांच करें और दोषियों को कड़ी सजा दें। साथ ही, युवाओं को नशे के खतरों के प्रति जागरूक करने के लिए स्कूल, कॉलेज और समाज के हर क्षेत्र में जागरूकता अभियान चलाने की जरूरत है। परिवारों का सहयोग भी इस दिशा में बेहद जरूरी है ताकि वे अपने बच्चों को सही दिशा में मार्गदर्शित कर सकें।
नशा मुक्ति के लिए सरकार की पहल, पुलिस की सख्ती और समाज के जागरूक योगदान से ही नशे की इस समस्या से छुटकारा पाया जा सकता है। अंबिकापुर में इन प्रयासों को और मजबूत करने की जरूरत है ताकि युवा वर्ग का उज्जवल भविष्य सुनिश्चित किया जा सके और समाज को स्वस्थ और सुरक्षित बनाया जा सके।
इस पूरे संदर्भ में यह भी आवश्यक है कि सोशल मीडिया पर नशे को बढ़ावा देने वाले वीडियो और सामग्री पर नियंत्रण रखा जाए। युवाओं को शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ रखने के लिए सकारात्मक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जाना चाहिए।
नशा मुक्ति के लिए साथ-साथ चलने वाले सभी कार्यक्रमों और एक्टिविटीज़ को स्थानीय प्रशासन और समाज द्वारा एकजुट होकर सफल बनाना होगा, तभी अंबिकापुर में नशे की समस्या पर काबू पाया जा सकेगा और युवा वर्ग को एक बेहतर दिशा दी जा सकेगी।
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