Kendriya Vidyalaya will Open Soon in Ramanujganj: बलरामपुर: बलरामपुर-रामानुजगंज में शिक्षा के क्षेत्र में एक बड़ी और खुशखबरी सामने आई है। लंबे समय से जनजातीय बाहुल्य क्षेत्र रामानुजगंज में केंद्रीय विद्यालय खोलने की मांग की जा रही थी, जो अब पूरी होने जा रही है। प्रदेश के किसान कल्याण एवं आदिम जाति विकास मंत्री राम विचार नेताम ने दिल्ली प्रवास के दौरान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से व्यक्तिगत रूप से मुलाकात की और इस मांग को मुख्यता से उठाया।
मंत्री राम विचार नेताम ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री को बताया कि यह जिला जनजातीय बाहुल्य क्षेत्र होने के कारण शिक्षा की गुणवत्ता और अवसरों की कमी एक बड़ी चुनौती है। उन्होंने क्षेत्रवासियों और स्थानीय जनप्रतिनिधियों की ओर से लगातार हो रही केंद्रीय विद्यालय स्थापना की मांग को गंभीरता से प्रस्तुत किया। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने इस प्रस्ताव को गंभीरता से लिया और जल्द ही रामानुजगंज में केंद्रीय विद्यालय खोलने का आश्वासन दिया।
Kendriya Vidyalaya will Open Soon in Ramanujganj
यह केंद्रीय विद्यालय शैक्षणिक सत्र 2025-26 से संचालन प्रारंभ करेगा, जिससे इस क्षेत्र के बच्चों को उच्च गुणवत्ता की शिक्षा प्राप्त करने का अवसर मिलेगा। केंद्रीय विद्यालय खोलने का यह निर्णय न केवल शिक्षा के स्तर को ऊंचा करेगा, बल्कि जनजातीय छात्रों की समग्र विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
मंत्री राम विचार नेताम ने इस दौरान छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में शिक्षा के क्षेत्र में हो रहे सुधारों की भी केंद्रीय शिक्षा मंत्री को जानकारी दी। उन्होंने प्रदेश में संचालित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय के बारे में विस्तार से बताया, जो आदिवासी विद्यार्थियों के लिए शिक्षा की नई मिसाल स्थापित कर रहा है।
रामानुजगंज में केंद्रीय विद्यालय खुलने की खबर से पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है। यह लंबे समय से प्रतीक्षित उपहार है जो शिक्षा के मामले में इस पिछड़े क्षेत्र को नए आयाम देगा। क्षेत्रवासियों का मानना है कि इससे न केवल पढ़ाई-लिखाई में सुधार होगा, बल्कि बच्चों के भविष्य की संभावनाएं भी बेहतर होंगी।
केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा जारी आदेशों के मुताबिक, विद्यालय के संचालन के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं जल्द पूरी की जाएंगी। प्रारंभ में यह विद्यालय कक्षा 1 से 5 तक के लिए संचालित होगा, लेकिन भविष्य में कक्षाओं की संख्या बढ़ाई जाएगी। विद्यालय की स्थापना से क्षेत्र के बच्चों को समान अवसर मिलेंगे और वे देश के उच्च शिक्षण स्तर से जुड़ पाएंगे।
इसके अलावा, भारत सरकार ने हाल ही में देश के विभिन्न हिस्सों में 85 नए केंद्रीय विद्यालय खोलने की मंजूरी दी है, जिसमें छत्तीसगढ़ के कई जिलों को भी शामिल किया गया है। रामानुजगंज के साथ-साथ बेमेतरा में भी एक नया केंद्रीय विद्यालय खुलेगा। यह पहल देशभर में शिक्षा के क्षेत्र में सुधार और विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
यह केंद्रीय विद्यालय खोलने की पहल राज्य और केंद्र सरकार की उस प्रतिबद्धता का प्रमाण है, जो वे पिछड़े और जनजातीय इलाकों में शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए मानती हैं। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान और किसान कल्याण एवं आदिम जाति विकास मंत्री राम विचार नेताम की यह बैठक और उसकी परिणति क्षेत्र के विकास के लिए एक मील का पत्थर साबित होगी।
रामानुजगंज में केंद्रीय विद्यालय के खुलने से न केवल क्षेत्रीय बच्चों को उच्च शिक्षा का गुणात्मक अवसर मिलेगा, बल्कि यह क्षेत्र के सामाजिक और आर्थिक विकास में भी सहायक होगा। यह योजना जनजातीय छात्रों के शिक्षा में समानता लाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है और आने वाले वर्षों में इसके सकारात्मक प्रभाव देखने को मिलेंगे।
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