69th National School Cricket Tournament: Coaching camp organized at Gandhi Stadium: सरगुजा:अंबिकापुर।खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने की दिशा में सरगुजा जिले के लिए यह गर्व का अवसर है। 69वीं राष्ट्रीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता के अंतर्गत क्रिकेट (14 वर्ष बालक वर्ग) का आयोजन 19 से 24 जनवरी तक सीकर, राजस्थान में हो रहा है। इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में भाग लेने वाली छत्तीसगढ़ ड्यूज बॉल क्रिकेट (अंडर-14) टीम का नेशनल कोचिंग कैंप स्थानीय गांधी स्टेडियम, अंबिकापुर में सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। सरगुजा जिला क्रिकेट संघ के सहयोग से चला यह कैंप युवा खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर की चुनौतियों के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण साबित हुआ।
राष्ट्रीय शालेय क्रीड़ा
राष्ट्रीय शालेय क्रीड़ा प्रतियोगिता भारत का सबसे बड़ा स्कूली खेल आयोजन है, जो स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा संचालित होता है। 69वीं संस्करण में देश भर से हजारों युवा प्रतिभाएं भाग ले रही हैं। क्रिकेट अंडर-14 बालक वर्ग में छत्तीसगढ़ टीम सरगुजा के कई होनहारों के दम पर मजबूत दावेदार है। यह आयोजन न केवल खेल कौशल निखारता है, बल्कि अनुशासन, टीमवर्क और नेतृत्व क्षमता विकसित करता है। सरगुजा जैसे आदिवासी बहुल क्षेत्र से आने वाले ये बच्चे कठिन परिस्थितियों में भी उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हैं। कैंप के माध्यम से खिलाड़ियों को आधुनिक तकनीक, फिटनेस और मानसिक मजबूती पर विशेष प्रशिक्षण दिया गया।
गांधी स्टेडियम: सरगुजा
अंबिकापुर का गांधी स्टेडियम सरगुजा जिले का प्रमुख खेल स्थल है, जहां क्रिकेट से लेकर एथलेटिक्स तक की ट्रेनिंग होती है। इस स्टेडियम में आयोजित नेशनल कोचिंग कैंप में छत्तीसगढ़ के चयनित 16 खिलाड़ियों ने भाग लिया। सरगुजा जिला क्रिकेट संघ के सचिव और कोचों ने स्थानीय सुविधाएं उपलब्ध कराईं। कैंप में बैटिंग, बॉलिंग, फील्डिंग ड्रिल्स के साथ-साथ वीडियो एनालिसिस और योग सत्र शामिल थे। स्टेडियम की पिच और नेट प्रैक्टिस सुविधाओं ने खिलाड़ियों को वास्तविक मैच की तैयारी करने में मदद की। स्थानीय प्रशासन ने कैंप को हर संभव सहयोग दिया, जो सरगुजा के खेल विकास को दर्शाता है।
छत्तीसगढ़ अंडर-14 टीम में सरगुजा के 6 खिलाड़ी शामिल हैं, जो जिले का प्रतिनिधित्व करेंगे। कप्तान राहुल साहू ने कैंप में शानदार बल्लेबाजी दिखाई, जबकि तेज गेंदबाज विक्की कुर्रे ने विकेट हॉल की कमान संभाली। अन्य प्रमुख नामों में स्पिनर अजय यादव, विकेटकीपर सूरज राम और ऑलराउंडर प्रदीप शामिल हैं। ये सभी सरगुजा के विभिन्न स्कूलों से हैं, जहां सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपनी प्रतिभा दिखाई। कोचिंग कैंप में पूर्व रणजी खिलाड़ी रामेश्वर सिंह ने विशेष सत्र लिए। टीम का लक्ष्य क्वार्टर फाइनल तक पहुंचना है, जो सरगुजा के लिए ऐतिहासिक होगा।
पांच दिवसीय कैंप में सुबह 6 बजे से रात 8 बजे तक कठिन ट्रेनिंग शेड्यूल रहा। पहले दिन फिटनेस टेस्ट, दूसरे दिन बैटिंग मास्टरक्लास, तीसरे दिन स्पिन-फास्ट बॉलिंग वर्कशॉप। चौथे दिन सिमुलेटेड मैच और आखिरी दिन टीम स्ट्रैटेजी सेशन। कैंप में 20 से अधिक सीनियर कोचों ने मार्गदर्शन किया। खिलाड़ियों ने नेट सेशन में 150 से ज्यादा विकेट चटकाए और 2000 रन बनाए। फिटनेस में 15% सुधार दर्ज किया गया। सरगुजा जिला प्रशासन ने खिलाड़ियों को किट, जूते और डाइट चार्ज प्रदान किया। यह कैंप न केवल राष्ट्रीय तैयारी का माध्यम बना, बल्कि स्थानीय युवाओं के लिए प्रेरणा स्रोत भी।
जिला कलेक्टर ने कैंप का उद्घाटन किया और खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं। विधायक ने कहा, “सरगुजा के बच्चे राष्ट्रीय स्तर पर झंडा गाड़ेंगे।” खेल अधिकारी पंकज तिवारी ने बताया कि सरगुजा से इस बार रिकॉर्ड 12 खिलाड़ी राष्ट्रीय प्रतियोगिता में जा रहे हैं। राज्य खेल विभाग ने यात्रा भत्ता और बीमा कवर सुनिश्चित किया। पूर्वी सरगुजा सांसद ने सोशल मीडिया पर टीम को बधाई दी। यह समर्थन सरगुजा के ग्रामीण खेल विकास को गति देगा।
69th National School Cricket Tournament: Coaching camp organized at Gandhi Stadium
सीकर में सफल प्रदर्शन से सरगुजा का नाम राष्ट्रीय स्तर पर चमकेगा। जीत पर लाखों का इनाम और नौकरी के अवसर खुलेंगे। कैंप के अनुभव से खिलाड़ी रणजी और आईपीएल स्तर तक पहुंच सकेंगे। सरगुजा में क्रिकेट एकेडमी स्थापना की मांग तेज हो गई है। गांव-गांव में खेल उत्साह बढ़ेगा, ड्रॉपआउट दर घटेगी। महिलाओं के लिए भी समान अवसर सुनिश्चित होंगे। यह आयोजन आदिवासी युवाओं को मुख्यधारा से जोड़ेगा।
सरगुजा क्रिकेट संघ अब सालाना कोचिंग कैंप आयोजित करेगा। गांधी स्टेडियम में फ्लडलाइट्स और इंडोर सुविधाएं विकसित होंगी। स्कूल स्तर पर टूर्नामेंट बढ़ाए जाएंगे। राज्य सरकार की ‘खेलो भारत’ योजना से लाभ मिलेगा। अगले वर्ष अंडर-17 और फुटबॉल टीमों के लिए कैंप प्रस्तावित हैं। सरगुजा खेल का हब बनेगा।
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